भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की बड़नगर सभा के मायने… टिकट की अदला बदली से बदले हैं समीकरण.

BJP President Amit Shah's Baranagar Sabha means ... The exchange is replaced by the equation.

भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की बड़नगर सभा के मायने… टिकट की अदला बदली से बदले हैं समीकरण.
उज्जैन । विधानसभा चुनाव में इस बार भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष का बड़नगर जैसे छोटे कस्बे में सभा लेना कई तरह के प्रश्नों को जन्म देता है इसमें हाल ही में हुए टिकट बदलने के घटनाक्रम को प्रमुखता से देखा और सुना जा रहा है बड़नगर में पूर्व में युवा नेता जितेंद्र पंड्या को भाजपा ने अपना अधिकृत उम्मीदवार बनाया जितेंद्र पंड्या का टिकट कैसे क्यों और किसके द्वारा कराया गया या भी बड़नगर के लोग अच्छे से जानते हैं वहीं अचानक इस सारे घटनाक्रम से जब पार्टी पार्टी के आला नेताओं को जब पूर्व विधायक शांतिलाल धाबाई ने दबंगता के साथ अपनी बात पहुंचाई तो पार्टी ने आनन-फानन में संजय शर्मा को भाजपा का अधिकृत उम्मीदवार घोषित कर बी फार्म जमा करवा दिया वही उसके बाद बड़नगर में ब्राह्मणों द्वारा बदले गए सुर के चलते भाजपा आलाकमान तक चिंतित है ऐसे में प्रदेश स्तर से भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की पहली सभा बड़नगर में कराए जाने का फैसला हुआ जिले में हमेशा से उज्जैन मुख्यालय पर ही किसी बड़े नेता की सभा होती रही है पर इस बार बड़नगर में जो समीकरण बदले और उसके बाद एंटी इनकंबेंसी के साथ-साथ ब्राह्मण समाज के एक बड़े वर्ग द्वारा खुले रूप से विरोध के स्वर मुखर करने के चलते अमित शाह को बड़नगर में सभा करने के लिए तैयार किया गया है भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और राज्यसभा सांसद प्रभात झा जितेंद्र पंड्या के पिता पूर्व विधायक उदय सिंह पंड्या को भी समझा चुके हैं पर वहां के कार्यकर्ताओं की पहली पसंद जितेंद्र पंड्या बनकर उभरे हैं ऐसे में अब देखना यह होगा कि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की सभा के बाद वहां क्या समीकरण बनते और बिगड़ते हैं।